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भले हमसफर ऊ…

मुहब्बत ये दिल के दवा हो गइल बा
भले हमसफर ऊ जुदा हो गइल बा

भले दिल मुहब्बत में मजबूर होला
कबो फूल से ना महक दूर होला
महक से ई पावन फ़िज़ा हो गइल बा-
भले हमसफर ऊ जुदा हो गइल बा

भले दूर बाटे, बा दिल में समाइल
खुशी, दर्द में जे सदा याद आइल
ई दिल आज ओकर पता हो गइल बा-
भले हमसफर ऊ जुदा हो गइल बा

रहेला ऊ नैनन में तस्वीर बन के
कबो भाव बन के कबो नीर बन के
मुहब्बत के जइसे खुदा हो गइल बा-
भले हमसफर ऊ जुदा हो गइल बा

– आकाश महेशपुरी
दिनांक- २१/०९/२०२१

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संक्षिप्त परिचय : नाम- आकाश महेशपुरी (कवि, लेखक) मो. न. 9919080399 मूल नाम- वकील कुशवाहा जन्मतिथि- 15 अगस्त 1980 शैक्षिक योग्यता- स्नातक ॰॰॰ प्रकाशन- सब रोटी का खेल (काव्य संग्रह)…
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